Skip to main content

*-पुरानी पेंशन बहाली को लेकर ऊ०प्र० माध्यमिक शिक्षणेत्तर एसोसिएशन संघ का धरना प्रदर्शन*.



*Place*-Ballia.U.P

*Report* S.Asif Hussain 


*Place*-Ballia.U.P

*Report* S.Asif Hussain zaidi.

*Mob* 8808101134


*-पुरानी पेंशन बहाली  को लेकर ऊ०प्र० माध्यमिक शिक्षणेत्तर एसोसिएशन संघ का धरना प्रदर्शन*.


*Anchor*-खबर उत्तर प्रदेश के बलिया से जहां उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षणेत्तर एसोसिएशन (संघ) ने अपनी 13 सूत्री मांगों को लेकर जिला विद्यालय निरीक्षक के कार्यालय पर धरना/ प्रदर्शन किया, इस अवसर पर संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष सैय्यद मोहम्मद मुजतबा हुसैन ने कहा कि पूर्व सरकारों की भांति वर्तमान सरकार भी हमारी लंबे समय से चली आ रही हमारी मांगों की अनदेखी कर रही है। अब शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ आरपार की लड़ाई के लिए तैयार है, और संघर्ष की इस कड़ी में जिलों पर धरने का कार्यक्रम आयोजित कर ज्ञापन देनें का कार्यक्रम रखा गया है। अगले चरण में मंडल स्तर पर ,और लखनऊ स्थित शिक्षा निदेशक के शिविर कार्यालय पर बड़ी संख्या में पहुंचकर धरना प्रदर्शन आयोजित करने का कार्यक्रम बनाया गया है। अगर शासन की ओर से सकारात्मक रुख नहीं अपनाया गया तो हम कड़े संघर्ष के लिए तैयार हैं पुरानी पेंशन का संघर्ष निर्णायक दौर में है यदी सरकार पुरानी पेंशन को लागू नहीं कराती है तो संगठन को कडा़ फौसला लेना पड़ेगा। इस अवसर पर संयुक्त कर्मचारी परिषद के जिला अध्यक्ष वेद प्रकाश पांडे शिक्षक कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष अजय यादव माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष अरुण कुमार जिला अध्यक्ष जनपदीय मंत्री संजय कुमार सिंह वरिष्ठ संयुक्त मंत्री नरेंद्र कुमार यादव संगठन मंत्री अनिल कुमार सिंह वरिष्ठ उपाध्यक्ष शशि भूषण उपाध्यक्ष कोषाध्यक्ष रामदुलार राम जितेंद्र राम सम्प्रेक्षक राजू सिंह चंद्रशेखर राय मीडिया प्रभारी मौजूद रहे।


और क्या कुछ कहा प्रान्तीय अध्यक्ष सैय्यद मुजतबा हुसैन ने आइये सुनते है उन्हीं कि जुबानी।


*Byte-* सैय्यद मुजतबा हुसैन प्रातीय अध्यक्ष ऊ०प्र० मा० शि० ए० (संघ)


*Anchor*-खबर उत्तर प्रदेश के बलिया से जहां उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षणेत्तर एसोसिएशन (संघ) ने अपनी 13 सूत्री मांगों को लेकर जिला विद्यालय निरीक्षक के कार्यालय पर धरना/ प्रदर्शन किया, इस अवसर पर संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष सैय्यद मोहम्मद मुजतबा हुसैन ने कहा कि पूर्व सरकारों की भांति वर्तमान सरकार भी हमारी लंबे समय से चली आ रही हमारी मांगों की अनदेखी कर रही है। अब शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ आरपार की लड़ाई के लिए तैयार है, और संघर्ष की इस कड़ी में जिलों पर धरने का कार्यक्रम आयोजित कर ज्ञापन देनें का कार्यक्रम रखा गया है। अगले चरण में मंडल स्तर पर ,और लखनऊ स्थित शिक्षा निदेशक के शिविर कार्यालय पर बड़ी संख्या में पहुंचकर धरना प्रदर्शन आयोजित करने का कार्यक्रम बनाया गया है। अगर शासन की ओर से सकारात्मक रुख नहीं अपनाया गया तो हम कड़े संघर्ष के लिए तैयार हैं पुरानी पेंशन का संघर्ष निर्णायक दौर में है यदी सरकार पुरानी पेंशन को लागू नहीं कराती है तो संगठन को कडा़ फौसला लेना पड़ेगा। इस अवसर पर संयुक्त कर्मचारी परिषद के जिला अध्यक्ष वेद प्रकाश पांडे शिक्षक कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष अजय यादव माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष अरुण कुमार जिला अध्यक्ष जनपदीय मंत्री संजय कुमार सिंह वरिष्ठ संयुक्त मंत्री नरेंद्र कुमार यादव संगठन मंत्री अनिल कुमार सिंह वरिष्ठ उपाध्यक्ष शशि भूषण उपाध्यक्ष कोषाध्यक्ष रामदुलार राम जितेंद्र राम सम्प्रेक्षक राजू सिंह चंद्रशेखर राय मीडिया प्रभारी मौजूद रहे।



और क्या कुछ कहा प्रान्तीय अध्यक्ष सैय्यद मुजतबा हुसैन ने आइये सुनते है उन्हीं कि जुबानी।


 सैय्यद मुजतबा हुसैन प्रातीय अध्यक्ष ऊ०प्र० मा० शि० ए० (संघ)




Comments

Popular posts from this blog

भारत में बिखरता सत्ता समंवय ! इस बहस को मजबूत करने के लिये मेरा समर्थन संतोष प्रताप सिंह लोक सभा बलिया के भावी उम्मीदवार

 बहस तलब मुद्दा।  भारत में बिखरता सत्ता समंवय ! 1947 में आजादी मिलने के बाद  संविधान सभा में विचार विमर्श और विद्वतापूर्ण बहसों के बाद भारत के लगभग सभी विचारधाराओं के लोगों ने संविधान को सर्वसहमति से स्वीकार किया था। यानी नवजात भारतीय राष्ट्र राज्य के शासक वर्ग को उस समय‌ सर्वभौम संघात्मक गणतांत्रिक भारत की संरचना ही सबसे ज्यादा उपयुक्त लगी थी।   इसको दो उदाहरण से देखा जा सकता है।   एक- डॉक्टर अंबेडकर की सोच थी कि भारतीय समाज के लोकतांत्रिक रूपांतरण केलिए वर्ण व्यवस्था यानी जाति का विनाश पहली शर्त है। नहीं तो लोकतंत्र को टिकाए  नहीं रखा जा सकता।इस समझ से अधिकांश संविधान सभा के सदस्य अपनी वर्ण वादी सोच के कारण सहमत नहीं थे।इसके बाद भी डॉक्टर अंबेडकर को ड्राफ्टिंग कमेटी का अध्यक्ष चुना गया।   दूसरा- दूसरी तरफ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता  वर्ण व्यवस्था समर्थक बाबू राजेंद्र प्रसाद को संविधान सभा का अध्यक्ष बनाया गया। साथ ही श्यामा प्रसाद मुखर्जी जैसे हिंदू महासभा के नेता और  मौलाना हसरत मोहानी सहित कई घोषित कम्युनिस्ट और सोसलिस्ट भी संविधान सभा ...

आधुनिक भारत में लोकतंत्र के संस्थापक एवं पथ प्रदर्शक थे नेहरू ‐- संतोष प्रताप सिंह लोक सभा बलिया के भावी उम्मीदवार ने किया समर्थन

 27 मई 1964 - पुण्य स्मृति  आधुनिक भारत में लोकतंत्र के संस्थापक एवं पथ प्रदर्शक थे नेहरू ‐-    मनोविज्ञान और मनोविश्लेषण की भाषा में जवाहरलाल नेहरू पूर्णतः अपने पिता के पुत्र थे, जबकि- गांधी जी अपनी माता की संतान थे। जवाहर लाल नेहरू ने अपने पिता मोतीलाल नेहरू से स्वतंत्रता, साहस की भावना, जोखिम उठाने की क्षमता, दृढ़ इच्छाशक्ति, अविचल संकल्प और अभिजात्य संस्कार विरासत में पाया था। कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय में उच्च शिक्षा प्राप्त करने गए जवाहरलाल नेहरू ने लगभग सात वर्ष इंग्लैड में व्यतीत किया। इस दौरान वह ब्रिटेन में प्रचलित मानववादी उदारवाद की परम्पराओं की तरफ आकर्षित हुए और इन परम्पराओं को हृदयंगम कर लिया। लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स के सुविख्यात शिक्षक और सुप्रसिद्ध राजनीतिक विचारक हेराल्ड लाॅस्की के प्रिय शिष्यों में रहे जवाहरलाल नेहरू जार्ज बर्नार्ड शॉ और बर्ट्रेण्ड रसल के विचारों से बहुत प्रभावित थे। विश्व, ब्रहमांड और समाज को समझने- परखने में वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने वाले जवाहरलाल नेहरू जैसे-जैसे भारतीय स्वाधीनता संग्राम में मुखर होते गए वैसे- वैसे उनकी स्वतंत्रता...

बलिया के कई गांवों में बाढ़ का पानी घूसा कटान से हजारों हेक्टेयर जमीन नदी में समाहित

  ग्राम चैन छपरा में गंगा कटान का अवलोकन करते एवं कटान प्रभावित लोगों से वार्ता के क्रम में ज्ञात हुआ कि ग्राम हरिहरपुर , चैन छपरा, रेपुरा , राजपुर, एकैना, बजरहा,उदवत छपरा, हासनगर, हल्दी आदि में गंगा का कटन जारी है । जिससे जनमानस में भय  एवं दहशत का वातावरण बना हुआ है इस संबंध में बलिया के लोकप्रिय सांसद माननीय सनातन पांडे जी एवं जिला प्रशासन एवं बाढ विभाग के अधिकारियों से मिलकर खटन को रोकने के लिए कटान रोधी व्यवस्था पर बात की जाएगी अवलोकन करने वाले मुख्य रूप से सपा के विधानसभा अध्यक्ष रामनाथ पटेल, किसान नेता देवानंद पांडे ,गेंदा चौबे ,श्री भगवान यादव , अर्जुन राम एवं अजीत यादव रहे                  शशि कांत चतुर्वेदी  प्रदेश सचिव        अध्यक्ष शहीद मंगल पांडे स्मारक समिति बलिया